शिमला. हिमाचल प्रदेश टोल प्लाजा के 20 किलोमीटर के दायरे में रहने वाले स्थानीय निवासियों को भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) ने राहत दी है. अब पात्र स्थानीय निवासी अपने निजी गैर-व्यावसायिक वाहनों के लिए रियायती दरों पर मासिक या सालाना पास बनवा सकेंगे. ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को मात्र 1,500 रुपये में सालाना पास मिलेगा, जबकि म्युनिसिपल क्षेत्रों में स्थित टोल प्लाजा के दायरे में रहने वाले पात्र लोगों के लिए इसकी कीमत 3,000 रुपये निर्धारित की गई है. इसके अलावा 360 रुपये का मासिक पास लेने का विकल्प भी उपलब्ध रहेगा.
इस सुविधा का लाभ टोल प्लाजा से 20 किलोमीटर के दायरे में रहने वाले ऐसे स्थानीय निवासी उठा सकेंगे, जिनके निजी गैर-व्यावसायिक वाहन पर वैध और सक्रिय फास्ट टैग लगा हो. वाहन चालक अपनी जरूरत के अनुसार मासिक या सालाना पास का विकल्प चुन सकेंगे. यह पास केवल संबंधित टोल प्लाजा पर ही मान्य होगा.
हिमाचल के छह टोल प्लाजा के आसपास रहने वालों को मिलेगा लाभ
हिमाचल प्रदेश में फोरलेन और हाईवे पर एनएचआई छह टोल प्लाजा चलाता है. प्रदेश में घट्टा टोल प्लाजा शिमला-मटौर कॉरिडोर के NH-503 पर स्थित है, जबकि सनवारा टोल प्लाजा परवाणू-शिमला कॉरिडोर पर है. इसके अलावा कीरतपुर-मनाली कॉरिडोर पर मौरा, बलोह, टकोली और डोहलू नाला टोल प्लाजा स्थित हैं. कांगड़ा में हाल ही में घट्टा टोल प्लाजा को लेकर लोगों ने विरोध भी जताया था और कहा था कि फोरलेन अभी पूरी तरह से नहीं बना है और साथ ही जिन लोगों को महज चंद किमी का सफर करना है, उन्हें भी टोल चुकाना पड़ रहा है. हालांकि, इन टोल प्लाजा के आसपास रहने वाले लोगों को रोजाना या बार-बार टोल से गुजरने की स्थिति में राहत मिलने की उम्मीद है. खासकर ग्रामीण क्षेत्रों के उन वाहन चालकों को फायदा होगा, जिन्हें स्थानीय आवागमन के दौरान बार-बार टोल शुल्क चुकाना पड़ता है.
ग्रामीणों को एक तिहाई कीमत पर सालाना पास
नई दरों के तहत ग्रामीण क्षेत्रों के पात्र निवासियों को 1,500 रुपये में पूरे साल का पास उपलब्ध होगा. वहीं, म्युनिसिपल क्षेत्रों में स्थित टोल प्लाजा के दायरे में रहने वाले पात्र लोगों को सालाना पास के लिए 3,000 रुपये देने होंगे. स्थानीय निवासियों के लिए 360 रुपये का मासिक पास भी उपलब्ध रहेगा. इस व्यवस्था का उद्देश्य टोल प्लाजा के आसपास रहने वाले लोगों पर बार-बार टोल शुल्क चुकाने का आर्थिक बोझ कम करना है. हालांकि, पास की सुविधा संबंधित टोल प्लाजा तक ही सीमित रहेगी और इसका लाभ निर्धारित पात्रता शर्तों को पूरा करने वाले निजी गैर-व्यावसायिक वाहन चालकों को मिलेगा.
₹3,075 में देशभर के राष्ट्रीय राजमार्गों पर 200 बार सफर का विकल्प
स्थानीय निवासियों के लिए रियायती पास के अलावा NHAI की वार्षिक फास्ट टैग पास योजना भी उपलब्ध है. इस योजना के तहत 3,075 रुपये में सालाना पास बनवाया जा सकता है. इसके माध्यम से पात्र निजी गैर-व्यावसायिक वाहन चालक टोल प्लाजा से एक वर्ष में अधिकतम 200 बार गुजर सकते हैं. इस हिसाब से प्रत्येक यात्रा की औसत लागत करीब 15.38 रुपये पड़ती है और योजना का लाभ देशभर में एक करोड़ से अधिक वाहन उपयोगकर्ता उठा रहे हैं. स्थानीय निवासियों के लिए निर्धारित टोल प्लाजा आधारित पास और वार्षिक पास अलग-अलग सुविधाएं हैं. वाहन चालकों को अपनी यात्रा की जरूरत और पात्रता के अनुसार उपयुक्त विकल्प चुनना होगा. इन योजनाओं का उद्देश्य राष्ट्रीय राजमार्गों पर सफर को अधिक सुविधाजनक बनाना और वाहन चालकों को आर्थिक राहत देना है.