दिल्ली मेट्रो 88 KM की: नई लाइन, केशोपुर-पुष्पांजलि सेक्शन से किसे होगा फायदा?
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दिल्ली मेट्रो का मैजेंटा लाइन नेटवर्क जल्द ही एक और बड़ा विस्तार देखने वाला है. केशोपुर से पुष्पांजलि तक 6 किलोमीटर का सेक्शन लगभग तैयार है. इसमें छह एलिवेटेड स्टेशन होंगे और ट्रायल रन अगले महीने शुरू होने की तैयारी है. इसे 2026 के अंत तक यात्रियों के लिए खोलने का लक्ष्य है. पीरागढ़ी स्टेशन पर ग्रीन लाइन से इंटरचेंज की सुविधा मिलेगी. आगे रेड, येलो और पिंक लाइन से भी कनेक्टिविटी बेहतर होगी. इस सेक्शन के खुलने के बाद मैजेंटा लाइन 55 किलोमीटर की हो जाएगी. भविष्य के विस्तार के बाद इसकी लंबाई 88.4 किलोमीटर तक पहुंच सकती है.
दिल्ली मेट्रो का केशोपुर-पुष्पांजलि सेक्शन 2026 के अंत तक खुलने की उम्मीद है. (फाइल फोटो PTI)
दिल्ली मेट्रो से सफर करने वालों के लिए आने वाले महीने बड़ी राहत लेकर आ सकते हैं. राजधानी में मेट्रो नेटवर्क का विस्तार तेजी से हो रहा है और अब मैजेंटा लाइन का एक और अहम हिस्सा खुलने की तैयारी में है. केशोपुर से पुष्पांजलि तक करीब 6 किलोमीटर लंबे सेक्शन पर काम लगभग पूरा हो चुका है. इसमें छह एलिवेटेड स्टेशन होंगे. इस हिस्से के शुरू होने से पश्चिमी और उत्तर-पश्चिमी दिल्ली के यात्रियों को कई दूसरी मेट्रो लाइनों से जुड़ने का सीधा विकल्प मिलेगा. खास बात यह है कि आने वाले समय में मैजेंटा लाइन की कुल लंबाई 88.4 किलोमीटर तक पहुंच सकती है. इसके बाद यह दिल्ली मेट्रो नेटवर्क की सबसे लंबी लाइन बन जाएगी.
टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के अनुसार दिल्ली मेट्रो रेल कॉरपोरेशन यानी DMRC के फेज-4 विस्तार के तहत बन रहा यह कॉरिडोर जनकपुरी वेस्ट से आरके आश्रम मार्ग तक है. इसका एक हिस्सा पहले ही यात्रियों के लिए खुल चुका है. अब केशोपुर-पुष्पांजलि सेक्शन का ट्रायल अगले महीने शुरू होने की तैयारी है. इसके बाद इसे 2026 के अंत तक आम यात्रियों के लिए खोलने का लक्ष्य है. DMRC के एक अधिकारी के मुताबिक, ‘केशोपुर-पुष्पांजलि सेक्शन दिल्ली मेट्रो रेल कॉरपोरेशन के फेज-4 विस्तार की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है. इससे पहुंच बेहतर होगी और उत्तर-पश्चिम दिल्ली को दक्षिण दिल्ली, नोएडा और IGI एयरपोर्ट टर्मिनल-1 से सीधा और निर्बाध संपर्क मिलेगा.’
केशोपुर-पुष्पांजलि सेक्शन पर होंगे ये 6 स्टेशन
करीब 6 किलोमीटर लंबे इस हिस्से में केशोपुर, पीरागढ़ी, पश्चिम विहार, मंगोलपुरी, वेस्ट एन्क्लेव और पुष्पांजलि स्टेशन बनाए गए हैं. सभी स्टेशन एलिवेटेड होंगे. इनमें पीरागढ़ी सबसे अहम इंटरचेंज स्टेशन होगा. यहां से यात्री मौजूदा ग्रीन लाइन पर जा सकेंगे. इसके अलावा मैजेंटा लाइन के विस्तार से पीतमपुरा में रेड लाइन, हैदरपुर बादली मोड़ पर येलो लाइन और मजलिस पार्क में पिंक लाइन से कनेक्टिविटी मिलेगी.
ट्रायल रन के बाद साल के अंत तक खुलने की उम्मीद
DMRC के मुताबिक इस पूरे सेक्शन का सिविल निर्माण कार्य पूरा हो चुका है. फिलहाल फिनिशिंग का काम चल रहा है. अगले महीने ट्रायल रन शुरू होने की तैयारी है. सफल ट्रायल और जरूरी मंजूरियों के बाद इसे 2026 के अंत तक खोलने का लक्ष्य रखा गया है. स्टेशनों पर लिफ्ट, एस्केलेटर, ऑटोमैटिक फेयर कलेक्शन गेट, यात्री सूचना डिस्प्ले और प्लेटफॉर्म स्क्रीन डोर जैसी सुविधाएं होंगी.
मैजेंटा लाइन पर होगी ड्राइवरलेस ट्रेन
इस कॉरिडोर पर कम्युनिकेशन बेस्ड ट्रेन कंट्रोल (CBTC) सिग्नलिंग और अनअटेंडेड ट्रेन ऑपरेशन सिस्टम लगाया जाएगा. इससे ट्रेनें बिना ड्राइवर के स्वचालित तरीके से संचालित हो सकेंगी. पीरागढ़ी स्टेशन का डिजाइन बाकी स्टेशनों से अलग है. यहां ग्रीन लाइन के स्टेशन तक पहुंचने के लिए 160 मीटर लंबा फुट ओवरब्रिज बनाया गया है.
88.4 किलोमीटर की होगी पूरी मैजेंटा लाइन
जनकपुरी वेस्ट-आरके आश्रम मार्ग कॉरिडोर में कुल 22 स्टेशन हैं. इसके दो हिस्से पहले ही चालू हो चुके हैं. जनकपुरी वेस्ट से कृष्णा पार्क एक्सटेंशन तक 1.8 किलोमीटर का हिस्सा 5 जनवरी को और दीपकाली चौक से मजलिस पार्क तक 9.9 किलोमीटर का हिस्सा 8 मार्च को शुरू किया गया था. केशोपुर-पुष्पांजलि सेक्शन खुलने के बाद मैजेंटा लाइन की लंबाई 55 किलोमीटर और स्टेशनों की संख्या 39 हो जाएगी. आगे सेंट्रल विस्टा कॉरिडोर और आरके आश्रम से इंद्रलोक तक के विस्तार के बाद इसकी कुल लंबाई 88.4 किलोमीटर पहुंच सकती है. तब यह बॉटनिकल गार्डन से इंद्रलोक तक चलने वाली दिल्ली मेट्रो की सबसे लंबी ड्राइवरलेस लाइन होगी.