नई दिल्ली. जियो प्लेटफॉर्म्स के आईपीओ (Jio Platforms IPO) ने लॉन्च होते ही इतिहास रच दिया है. 30,230 करोड़ रुपये के इस मेगा पब्लिक इश्यू ने पहले ही दिन बोलियों के मामले में पिछले सभी बड़े रिकॉर्ड तोड़ दिए. पहले दिन शाम 5 बजे तक जियो आईपीओ को 90,500 करोड़ रुपये से अधिक की बोलियां आ चुकी थी. 15,000 करोड़ रुपये से बड़े भारतीय आईपीओ में पहले दिन 90,500 करोड़ रुपये जुटाने का यह नया कीर्तिमान है. यह आंकड़ा इसलिए ऐतिहासिक है क्योंकि अक्टूबर 2024 में आए हुंडई मोटर इंडिया के 27,859 करोड़ रुपये के आईपीओ को तीन दिनों में कुल 66,000 करोड़ रुपये की बोलियां मिली थीं. जियो ने हुंडई के तीन दिनों के कुल आंकड़े को महज एक ही दिन में पीछे छोड़ दिया.
मनीकंट्रोल की एक रिपोर्ट के मुताबिक, जियो प्लेटफॉर्म्स आईपीओ की कुल मांग अब 3.4 लाख करोड़ रुपये के स्तर पर पहुंच गई है. इसमें आज पहले दिन आई 90,500 करोड़ रुपये की डिमांड के अलावा एंकर निवेशकों की ओर से मिली करीब 2.5 लाख करोड़ रुपये की मांग शामिल है. कंपनी ने 212 एंकर निवेशकों को प्राइस बैंड के ऊपरी स्तर पर 8,109.85 करोड़ रुपये के शेयर आवंटित किए हैं. एंकर बुक में उपलब्ध शेयरों के मुकाबले 30 गुना से भी अधिक की डिमांड संस्थागत निवेशकों की ओर से की गई थी.
बाजार के बड़े रिकॉर्ड्स ध्वस्त
15,000 करोड़ रुपये से बड़े भारतीय आईपीओ में पहले दिन 90,500 करोड़ रुपये जुटाकर जियो प्लेटफॉर्म्स ने नया कीर्तिमान स्थापित कर दिया है. हालांकि, सभी IPO की बात करें तो एलजी इलेक्ट्रॉनिक्स को सबसे अधिक कुल बोलियां मिली थी. कंपनी के 11,607 करोड़ रुपये के इश्यू को 54 गुना सब्सक्रिप्शन मिला था और इसके लिए कुल बोलियां 6.2 लाख करोड़ रुपये तक पहुंच गई थी.
रिलायंस पावर के IPO में 7.5 लाख करोड़ रुपये से अधिक की बोलिया मिली थीं. हालांकि, इस IPO में निवेशकों को पूरी राशि तत्काल जमा करने के बजाय शुरुआत में आंशिक भुगतान करने की सुविधा दी गई थी. इससे आवेदन करने की शुरुआती लागत कम हो गई और आवेदनों की संख्या बढ़ गई थी.
पहले दिन 3 गुना भरा जियो आईपीओ
एक्सचेंज के शाम 5 बजे तक के आंकड़ों के मुताबिक, जियो आईपीओ को 19.75 करोड़ जारी किए जाने वाले शेयरों के मुकाबले निवेशकों ने कुल 59.1 करोड़ शेयरों के लिए बोलियां लगाईं है. यह इश्यू पहले दिन 3 गुना सब्सक्राइब हो गया है. योग्य संस्थागत खरीदार (QIB) श्रेणी के लिए रिजर्व हिस्सा लगभग 9 गुना सब्सक्राइब हुआ है.
गैर-संस्थागत निवेशकों (NII) का कोटा भी 1.456 गुना भर चुका है. खुदरा निवेशकों (Retail) के लिए आरक्षित हिस्सा 0.67 गुना भरा है. कंपनी कर्मचारियों का कोटा 1.28 गुना और मौजूदा शेयरधारकों के लिए आरक्षित हिस्सा 1.36 गुना भर गया है. खुदरा निवेशकों के पास बोली लगाने के लिए अभी 22 और 23 अक्टूबर का समय बाकी है.
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