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Chapra Flood Ground Report: छपरा के मकेर और अमनौर प्रखंड में बाढ़ का पानी घरों से नहीं निकला है. लोग हाईवे और बांधों पर टेंट लगाकर रहने को मजबूर हैं. घरों में पानी और विषैले जीवों के डर से लोग परेशान हैं, जबकि जिला प्रशासन राहत कार्यों में जुटा हुआ है. जानिए लोगों ने क्या कहा.
Chapra Flood Ground Report: छपरा के कई क्षेत्रों में पिछले दिनों आए विनाशकारी बाढ़ आज भी लोगों के समस्या बनकर खड़ा है. सभी गांव और घर से पानी नहीं निकला है. जिसके वजह से बाढ़ पानी से परेशान बुजुर्ग बच्चे सड़क और जंगल अलावा सांप बिच्छू जैसे विषैला जीव जंतु के बीच अंधेरे में जीवन गुजर बसर बांध सड़क पर कर रहे हैं. जहां बांध के चारों तरफ घना जंगल और पानी भी चारों तरफ से अत्यधिक है. जिस पानी से भाग कर बांध के जंगल में किनारे विषैला जीव जंतु है. ऊपर लोग टेंट डाल कर रहे हैं. जिसमें रहने पर काफी ज्यादा डर भी लग रहा है. बाढ़ से सबसे ज्यादा प्रभावित मकेर और अमनौर प्रखंड है. अचानक रातों-रात इतना पानी आया कि जंगला के पास पहुंच गया.
अचानक बाढ़ के पानी मचाने लगी तांडव
क्षेत्र में अचानक रातों-रात इतना ज्यादा पानी आ गया कि कई लोगों की जान चली गई. लोग किसी तरह छत और ऊंचे स्थान पर जाकर जान बचाने को लेकर बेहोश हो गए, हाईवे और नहर के बांध पर लोग टेंट लगाकर गुजर बसर कर रहे हैं. बच्चे हाईवे सड़क पर लगाए गए बैराकेटिंग में कपड़ा बांधकर उसके छांव में बैठकर दिन गुजार रहे हैं. ऊपर से कभी धूप तो कभी बारिश परेशान कर रहा है.
जिला प्रशासन के मेहनत और लगन से भरपूर मिल रही है सेवा
हालांकि इस भीषण बाढ़ को देखते हुए जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक दलबल के साथ पहले दिन से ही इस मामले पर नजर बनाए हुए हैं. खुद जाकर जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक ने इस मोर्चे को संभालने का काम किया. हालांकि अब मामला सामान्य हो गया है. भीषण बाढ़ को देखते हुए कई आपात टीम को लगाकर लोगों को बचाने के साथ खाने-पीने का भी उपलब्ध कराया गया. पानी अब घटने लगा है. लेकिन कई गांव और घर के पानी अभी भी नहीं निकला है. जिसके वजह से सड़क और बांध पर आज भी कुछ लोग रह रहे हैं.
हर तरफ से परेशानी झेल रहे हैं
लोकल 18 से रामविचार सिंह ने बताया कि पिछले चार दिनों से मैं नहर के बांध पर टेंट लगाकर रह रहा हूं. कभी बारिश तो कभी तेज धूप परेशान कर रहा है. रात में जीव जंतु भी आते हैं. जिसके वजह से काफी ज्यादा डर भी लगता है. बच्चे बुजुर्ग महिला भी इसी बंद पर रात गुजर रही है. पानी घट रहा है.लेकिन अभी घर से बाहर पानी नहीं निकला है. ज्यादा पानी है. जिसके वजह से बांध पर रहना मजबूरी है. सरकार के द्वारा खाने के लिए रसोई का व्यवस्था किया गया है. अचानक बाढ़ आने से इस तरह के परेशानी बढ़ी है.