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Bihar News: बिहार में क्रिमिनल्स की कुंडली खुलने वाली है. मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने हर एक थाने में क्रिमिनल्स की लिस्ट बनाने का निर्देश दिया. साथ ही बार-बार अपराध में संलिप्त रहने वालों पर कड़ी नजर रखने को कहा गया है. जिससे कि क्राइम कंट्रोल किया जा सके. इसके अलावा साइबर क्राइम, तस्करी समेत अन्य अपराधों को भी कम करने का प्लान बनाया गया.
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी. (फाइल फोटो)
पटनाः बिहार में अब क्रिमिनल्स की खैर नहीं. मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने पुलिस और प्रशासन को सख्त निर्देश दिए हैं. सरकार का टारगेट बिहार को सुरक्षित और अपराध मुक्त बनाना है. इसके लिए अब अपराधियों की जिलावार और थानावार सूची तैयार की जाएगी. बार-बार अपराध करने वाले और असामाजिक गतिविधियों में शामिल लोगों की पहचान कर उनके खिलाफ सख्त एक्शन होगा. जरूरत पड़ने पर अपराध नियंत्रण अधिनियम (CCA) के तहत भी सख्त कदम उठाए जाएंगे.
थाने-थाने में तैयार होगी क्रिमिनल लिस्ट
मुख्यमंत्री ने कानून-व्यवस्था की उच्चस्तरीय समीक्षा की. 9 अक्टूबर को हुई इस मीटिंग में सीएम सम्राट ने अफसरों को अपराधियों और असामाजिक तत्वों पर कड़ी नजर रखने का निर्देश दिया. पुलिस को ऐसे लोगों की सूची तैयार करनी होगी, जो लगातार आपराधिक घटनाओं में शामिल रहते हैं. इनकी गतिविधियों की निगरानी कर कानून के मुताबिक कार्रवाई की जाएगी. सरकार का जोर अपराध होने के बाद कार्रवाई करने के साथ अपराध की आशंका को समय रहते रोकने पर भी है.
डायल-112 की सेवा होगी और बेहतर
इमरजेंसी में पुलिस की मदद जल्द मिले, इसके लिए डायल-112 की प्रक्रिया में लगने वाले समय को कम करने पर जोर दिया गया. मुख्यमंत्री ने तकनीक आधारित आपातकालीन पुलिस सेवा को और मजबूत बनाने का निर्देश दिया. इसका उद्देश्य शिकायत मिलने पर पुलिस की प्रतिक्रिया को तेज और प्रभावी बनाना है, ताकि जरूरत के समय लोगों को जल्द मदद मिल सके.
सोशल मीडिया और साइबर अपराध पर भी नजर
साइबर अपराध पुलिस के लिए बड़ी चुनौती बन रहे हैं. इसे देखते हुए सभी जिलों में सोशल मीडिया मॉनिटरिंग और साइबर क्राइम सेंटर के जरिए निगरानी मजबूत करने के निर्देश दिए गए हैं. साइबर अपराध की शिकायत के लिए हेल्पलाइन नंबर 1930 का व्यापक प्रचार-प्रसार करने को भी कहा गया है, ताकि लोग ऑनलाइन ठगी या साइबर अपराध का शिकार होने पर इसकी सूचना दे सकें.
नशे के कारोबार की होगी रोकथाम
मुख्यमंत्री ने नशीले पदार्थों के अवैध कारोबार में शामिल लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने का निर्देश दिया. आर्थिक अपराधों में संलिप्त लोगों पर भी शिकंजा कसने को कहा गया है. साथ ही, आपराधिक मामलों में जांच को प्रभावी बनाने पर जोर दिया गया, ताकि दोषियों को अदालत से सजा दिलाई जा सके.
क्या है CM सम्राट का प्लान?
मुख्यमंत्री के निर्देशों से साफ है कि सरकार अपराधियों की पहचान, उनकी गतिविधियों की निगरानी और तुरंत पुलिस एक्शन पर जोर दे रही है. थानावार सूची, CCA के तहत कार्रवाई, डायल-112 को मजबूत करना, साइबर अपराध पर निगरानी और नशे के अवैध कारोबार पर सख्ती इसी योजना का हिस्सा हैं.