सुपरनोवा के 43वें फ्लोर से कूदने वाले संभव ने कमरा नंबर 4228 में क्या-क्या किया? क्यों नहीं उठाए पापा के 60 फोन

सुपरनोवा के 43वें फ्लोर से कूदने वाले संभव ने कमरा नंबर 4228 में क्या-क्या किया? क्यों नहीं उठाए पापा के 60 फोन


Last Updated:

Supernova Suicide Case: सुपरनोवा के 43वें फ्लोर से खुदकुशी करने वाले संभव की मोबाइल की जांच से बड़ा खुलासा हुआ है. संभव को उसके पिता ने करीब 60 बार फोन किया था. लेकिन उसने एक कॉल भी रिसीव नहीं किया. इसके बाद उसने अपने पिता को 80 से अधिक मैसेज भी भेजे.

Zoom

बीते शनिवार को संभव ने सुपरनोवा के 43वें फ्लोर से छलांग लगा ली.

गौतमबुद्ध नगरः नोएडा सेक्टर-94 स्थित सुपरनोवा सोसायटी में सॉफ्टवेयर इंजीनियर संभव जैन की गिरकर मौत के मामले में पुलिस की जांच में हैरान कर देने वाला खुलासा हुआ है. बीते शनिवार को खुदकुशी करने से पहले इंजीनियर संभव ने अपने पिता के करीब 60 फोन कॉल रिसीव नहीं किए. इसके बाद उन्होंने अपने पिता को 80 से अधिक मैसेज भेजे. आखिरी मैसेज में उन्होंने लिखा कि अगर कोई पैसा मांगने आए तो कह देने कि वह मर गया है. साथ ही उसने मैसेज में अपनी परेशानी भी बताई. इसके अलावा उसने करीब 2 मिनट 40 सेकेंड का वीडियो भी भेजा. वीडियो में उसने अपने कर्ज, बीमारी और जिंदगी में चल रही परेशानियों पर आपबीती बताई. इसके बाद संभव ने अपना मोबाइल बंद कर दिया.

संभव की पोस्टमार्टम रिपोर्ट आई सामने
वहीं संभव की पोस्टमार्टम रिपोर्ट रविवार को आई, जिसमें उसकी मौत का कारण शॉक एंड हैमरेज आया है. ऊंचाई से गिरकर जमीन पर टकराने के चलते शरीर के कई टुकड़े हो गए. इसके चलते मल्टीपल इंजरी की भी बात सामने आई है. घरवालों ने बीते शनिवार की शाम को ही सेक्टर-94 में स्थित अंतिम निवास में ही दाह संस्कार कर दिया था. पुलिस ने मृतक के मोबाइल की जांच की तो उसमें जानकारी मिली की शुक्रवार शाम करीब 6 बजे से साढ़े 6 बजे के बीच बातचीत शुरू की थी. इसके अलावा पुलिस ने जानकारी देते हुए बताया था कि संभव सुपरनोवा स्पाइयरा टॉवर के 4228 नंबर के स्टूडियो अपार्टमेंट में रुका था.

12 बजे चेकआउट करना था लेकिन उससे पहले कर ली खुदकुशी
इसके पहले वह दिल्ली भी गए थे. उन्हें शनिवार दोपहर 12 बजे चेकआउट करना था. इससे पहले ही वह 11 बजकर 25 मिनट पर बालकनी की रेलिंग पर खड़े हो गए. वहीं संभव के पड़ोसियों का कहना है कि संभव यहां अपने परिवार के साथ रहते थे. उन्हें देखकर ऐसा कभी नहीं लगा कि वह किसी तरह की आर्थिक परेशानी से जूढ रहे हैं. वह हमेशा सबसे सामान्य व्यवहार करते थे.



Source link