Success Story : यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा पास न कर पाने से तमाम युवा निराश हो जाते हैं. लेकिन उसके बाद भी करियर ऑप्शन खत्म नहीं होते. कहते हैं पढ़ाई-लिखाई बेकार नहीं जाती. इस कहावत को सुदर्शन रावणकोले की कहानी सच कर दिखाती है. रावणकोले ने तीन बार यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा दी लेकिन कामयाबी दूर रही. आज वही सुदर्शन 17 लाख रुपये सालाना के पैकेज पर एक बड़ी कंपनी में काम शुरू करने जा रहे हैं.
सुदर्शन ने साल 2018 में कंप्यूटर साइंस से बीटेक किया था. उम्मीद की जाती है कि इंजीनियरिंग की पढ़ाई पूरी होते ही हाथ में नौकरी होगी. लेकिन सुदर्शन के साथ ऐसा नहीं हुआ. पढ़ाई खत्म होने के बाद नौकरी के लिए इंतजार शुरू हो गया. वह भी एक-दो नहीं, पूरे आठ साल. इस दौरान उन्होंने सिविल सर्विसेज का रास्ता चुना. तीन बार यूपीएससी एग्जाम भी दिया. लेकिन यहां भी नतीजा उनके पक्ष में नहीं रहा.
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, यूपीएससी में असफलता के बाद उन्होंने एक बड़ा फैसला लिया. सुदर्शन रावणकोले हैदराबाद पहुंचे और वहां AWS की कोचिंग में दाखिला लिया. क्लाउड टेक्नोलॉजी में आज तक काम नहीं है. उन्हें लगा कि यहां से कोई रास्ता निकलेगा. लेकिन इस कोर्स में उनका मन नहीं लगेगा. वे जो सीखना चाहते थे, उस प्लेटफॉर्म पर मिला ही नहीं. धीरे-धीरे दिलचस्पी खत्म होती गई उन्होंने कोर्स छोड़ दिया.
यूट्यूब को बना लिया गुरु
अब सुदर्शन ने अपना रास्ता खुल बनाने की ठानी. उन्होंने यूट्यूब पर CloudDevOpsHub चैनल से क्लाउड और DevOps सीखना शुरू किया. यह कोई महंगी फीस थी और न कोई क्लासरूम. बस लगन थी और रोज की प्रैक्टिस. धीरे-धीरे उनकी पकड़ मजबूत होती गई. जब भरोसा आ गया तो उन्होंने नौकरियों के लिए आवेदन शुरू किया.
हालांकि अभी भी उनकी राह आसान नहीं थी. वह सीवी भेजते थे लेकिन वह शॉर्टलिस्ट नहीं हो रहा था. स्किल उनके पास थी फिर भी रिक्रूटर तक बात नहीं पहुंच रही थी. ज्यादातर लोग इस मोड़ पर सिर्फ किस्मत को कोसते हैं. सुदर्शन ने अपनी कमी ढूंढी.
छोटे से बदलाव ने बदल दी किस्मत
सुदर्शन ने शुरुआत से ही यह समझ लिया था कि हर नौकरी के लिए एक जैसा रिज्यूमे काम नहीं करता. इसलिए वह किसी भी कंपनी में आवेदन करने से पहले जॉब डिस्क्रिप्शन को ध्यान से पढ़ते और उसी के मुताबिक अपना रिज्यूमे तैयार करते थे. जिस स्किल की कंपनी को तलाश होती, उसे वह अपने रिज्यूमे में प्रमुखता से शामिल करते.
यह बदलाव देखने में भले ही छोटा था, लेकिन इसका असर बड़ा हुआ. धीरे-धीरे उनके रिज्यूमे पर कंपनियों की नजर पड़ने लगी और उन्हें इंटरव्यू के मौके मिलने लगे.
आखिरकार मिली मंजिल
लगातार कोशिश और इंतजार के बाद सुदर्शन को उनकी मेहनत का फल मिला. उन्हें केरेलॉन ग्लोबल सॉल्यूशंस से DevOps इंजीनियर के पद पर नौकरी का ऑफर मिला. इस नौकरी में उन्हें सालाना 17 लाख रुपये का पैकेज मिलेगा.
आठ साल तक इंतजार करने के बाद मिली यह सफलता उनके लिए किसी बड़ी उपलब्धि से कम नहीं है. उनकी कहानी सोशल मीडिया पर भी चर्चा में है. 27 सितंबर 2026 को विकास अलावाड के एक पोस्ट के जरिए यह कहानी सामने आई, जिसे लोग खूब पसंद कर रहे हैं और शेयर भी कर रहे हैं.